स्कूलों में गीता की पढ़ाई अनिवार्य करने वाला विधेयक संसद में हो सकता है पेश

नई दिल्ली ( 22 मई ): स्कूलों में भगवद् गीता की पढ़ाई अनिवार्य करने वाले और ऐसा नहीं करने वाले संस्थानों की मान्यता रद्द करने का एक निजी विधेयक संसद के अगले सत्र में चर्चा के लिए आ सकता है।

भाजपा के सांसद रमेश बिधूड़ी की तरफ से पेश विधेयक में कहा गया है, ‘‘भगवद् गीता के सुविचार और शिक्षाएं युवा पीढ़ी को बेहतर नागरिक बनाएंगी तथा उनके व्यक्तित्व को निखारेंगी।’’

विधेयक का नाम शैक्षणिक संस्थानों में भगवद् गीता की आवश्यक पढ़ाई विधेयक 2016 में कहा गया है कि हर शैक्षणिक संस्थान को गीता को ‘आवश्यक’ रूप से नैतिक शिक्षा के रूप में पढ़ाना चाहिए, साथ ही इसमें कहा गया है कि यह अल्पसंख्यक स्कूलों पर लागू नहीं होता।  इसमें कहा गया है, ‘‘सरकार को ऐसे स्कूलों की मान्यता खत्म कर देनी चाहिए जो इस विधेयक के प्रावधानों का पालन नहीं करेंगे।’’