बिहार: सहरसा से जुड़ा सृजन घोटाला का तार

पटना(19 अगस्त):  सृजन घोटाले में शुक्रवार को बैंक ऑफ बड़ौदा, भागलपुर के िडप्टी मैनेजर अतुल रमण को लंबी पूछताछ के बाद जेल भेज दिया गया। जेल भेजे जाने वाले आरोपितों की संख्या अब 12 हो गयी है।

-  दो दिनों से पुलिस पदाधिकारी सृजन मामले में अतुल रमण से पूछताछ कर रहे थे।

- उन्होंने कहा कि मेरे और मेरी पत्नी के पर्सनल एकाउंट और सैलरी एकाउंट में सृजन का एक भी रुपया नहीं है। उन्होंने कहा कि मनोरमा देवी और बैंक के अधिकारी मुझे हमेशा गलत करने का दवाब देते थे। यहां तक कि मनोरमा देवी सृजन आने के दबाव देती थी। अतुल ने कहा कि पहले यूको बैंक में था। 

- अतुल 15 जुलाई, 2013 में बैंक ऑफ बड़ौदा में पीओ बना था।  

- सृजन घोटाले को लेकर सहरसा में भी रुपये की हेराफेरी का मामला सदर थाने में दर्ज कराया गया है। 

- डीएम विनोद सिंह गुंजियाल के निर्देश पर वरीय कोषागार पदाधिकारी राजकुमार ने सृजन समिति की संचालिका मनोरमा देवी, बैंक ऑफ बड़ौदा सहरसा के तत्कालीन शाखा प्रबंधक एवं अन्य सहयोगी, बैंक ऑफ बड़ौदा भागलपुर के तत्कालीन शाखा प्रबंधक एवं अन्य सहयोगी, तत्कालीन भू-अर्जन पदाधिकारी, (जिनके हस्ताक्षर से राशि सृजन के खाते में ट्रांसफर की गयी), रोकड़पाल और प्रधान सहायक के िखलाफ मामला दर्ज कराया है।