2019 के लिए विपक्ष को अपना एजेंडा तय करना चाहिए: नीतीश कुमार

नई दिल्ली(3 जुलाई): बिहार के सीएम नीतीश कुमार ने आज साफ कर दिया कि वह विपक्ष की अगुवाई करने में कतई दिलचस्पी नहीं रखते। प्रेस कांफ्रेंस में नीतीश कुमार ने कहा कि मैं 2019 में विपक्ष का चेहरा नहीं बनना चाहता। 2019 के लिए एक वैकल्पिक एजेंडा तैयार होना चाहिए। सभी पार्टियों का विचार अलग अलग है। नीतीश ने इस दौरान मोदी सरकार पर किसी तरह का हमला नहीं बोला। जीएसटी को लेकर भी नीतीश ने केंद्र के फैसले का समर्थन किया।


- प्रेस कॉन्फ्रेंस में नीतीश ने कहा कि हर मुद्दे पर विपक्ष को एजेंडा सेट करना चाहिए। नीतीश ने कहा कि विपक्ष को 2019 के लिए एजेंडा तैयार करना चाहिए। हालांकि नीतीश ने कहा कि बिहार में महागठबंधन अटूट है।


- खुद को बतौर पीएम विपक्ष का उम्मीदवार बनाए जाने की अटकलों पर नीतीश ने कहा कि मैं विपक्ष का चेहरा नहीं हूं। 2019 में पीएम पद का चेहरा बनने की योग्यताएं मुझमें नहीं हैं। नीतीश ने साफ साफ कहा कि हमारी पार्टी बहुत छोटी पार्टी है और मैं बहुत ख्वाहिशें नहीं पालता। न तो मुझमें योग्यताएं हैं और न ही मैं वह भूमिका चाहता हूं। नीतीश ने कहा कि मैं प्रधानमंत्री नहीं बनना चाहता हूं।


- नीतीश ने कहा कि राष्ट्रपति चुनाव को इस तरह के प्रोजेक्ट किया गया कि किसानों का मुद्दा पीछे चला गया है। प्रभावी विपक्ष के लिए वैकल्पिक एजेंडे का होना जरूरी है। जवाब देना जरूरी है लेकिन सिर्फ यही एक चीज जरूरी नहीं होती है। प्रेस कॉन्फ्रेंस में नीतीश ने आरजेडी चीफ लालू प्रसाद यादव की रैली ‘बीजेपी हटाओ, देश बचाओ’ के खिलाफ कुछ नहीं कहा। यह रैली अगस्त में प्रस्तावित है।