OMG: कम्प्यूटर में 'ब्रेन' अपलोड कर 'अमर' हो जाएगा आदमी

नई दिल्ली (21 जून): तेजी से बदलती टेक्नॉलॉजी आने वाले दिनों में आपको वो सुविधाएं देने वाली है जिनके बारे में आपने कभी कल्पना भी नहीं की होगी। निकट भविष्य में ही लोगों के सामने ऐसी टेक्नॉलॉजी होगी जिससे वे अपनी पर्सनैलिटी को अपने मरने से पहले कम्प्यूटर में अपलोड कर खुद का एक 'अवतार' तैयार कर सकेंगे। जी हां, ये दावा किया है एक भौतिक वैज्ञानिक डॉ. मिशिओ काकू ने।

express.co.uk की रिपोर्ट के मुताबिक, यह थियरी 'अवतार' पर आधारित है जिसमें व्यक्ति की यादें और पर्सनैलिटी होगी। आर्टीफिशियल इंटेलीजेंस के जरिए लोग कम्यूनिकेट कर पाएंगे। जैसे वे असल जिंदगी में बात किया करते थे। व्यक्ति के मरने के बाद अवतार को एक्टिवेट किया जा सकेगा। इसमें व्यक्ति के वीजुअल परसेप्शन को शामिल किया जाएगा। जिसके जरिए अवतार अपने रिश्तेदारों से बात कर पाएगा, जो व्यक्ति की मौत के बाद भी जीवित होंगे। 

भविष्य में इसे कम्प्यूटर से एक होलोग्राम के जरिए भी बीम किया जा सकेगा या इसे थ्री डाइमेंशनल फॉर्मेट में एक भौतिक स्वरूप भी दिया जा सकेगा। जैसे कि- एक 'रोबोट' जो आपसे बात कर सकेगा।

डॉ काकू ने कहा, "कल्पना करिए, आप अपने प्रियजनों से उनके मरने के बाद बात कर पाएंगे। ये संभव हो सकेगा अगर उनकी पर्सनैलिटी को अवतार की तरह कम्प्यूटर में डाउनलोड किया जा सकेगा।"

उन्होंने कहा, "आप उन से बात कर पाएंगे। जैसे कि वे अभी भी जिन्दा हों। इस तरह वे अमर हो जाएंगे।" 

डॉ. काकू ने ये दावा इंटरनेट चैनल www.curiositystream.com के लिए एक डॉक्यूमेंट्री में किया है। हालांकि, कुछ वैज्ञानिकों ने इस बात पर सवाल उठाए हैं कि क्या मानव मस्तिष्क को कम्प्यूटर में ट्रांसफर करना क्या एक उचित कदम होगा? लेकिन ये भी सच है कि डॉ. काकू अमरता की ओर मानव अवतार के आइडिया को आगे बढ़ा रहे हैं। 

अरबपति रूसी मिट्री इस्कोव पहले कह चुके हैं, कि वह इसे संभव करेंगे कि मानव अगले 30 साल में हमेशा के लिए जीवित रहने में सक्षम होगा। ऐसा कम्प्यूटर में मस्तिष्क को अपलोड कर किया जा सकेगा। वह 'अवतार इमॉर्टैलिटी प्रोजेक्ट 2045 इनीशियटिव' के पीछे हैं।