पूर्व PM की बहू पानी के लिए ऐसे करती हैं मेहनत

नई दिल्ली ( 23 दिसंबर ): 25 दिसंबर को पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी का जन्‍मदिन है। यूपी के बीहड़ में स्थित बटेश्‍वर अटल का पैतृक गांव है। यहां आज भी उनकी फैमिली के लोग रहते हैं। इस गांव का इतिहास जितना वैभवशाली है, उतना ही बुनियादी समस्‍याओं से जूझ रहा है। हैरानी की बात ये है कि आज तक इस गांव को किसी भी सांसद ने गोद नहीं लिया।

अटल बिहारी के भतीजे (68 साल) रमेश चंद्र वाजपेयी कहना है कि मेरा स्वास्थ्य ठीक नहीं रहता है, इसलिए पत्नी को ही सारा काम देखना होता है। आस-पास के 6 घरों के लिए एक हैंडपंप लगा हुआ है। पाइपलाइन नहीं है। मजबूरी में, पत्नी को काफी दूर से पानी भरकर लाना होता है। अटल जी जब से बीमार हुए हैं, तब से गांव के विकास के बारे में कोई पूछने भी नहीं आता।

बटेश्‍वर गांव, फतेहपुर सीकरी लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत आता है। इसके सांसद चौधरी बाबूलाल हैं। उन्होंने बताया कि सांसद ने भी हमारे गांव को गोद लेने में कोई दिलचस्पी नहीं दिखाई।