सेना का उपयोग सिविलियन कामों में न करें निर्मला सीतारमण जी: सीएम कैप्टन अमरिंदर

नई दिल्ली ( 31 अक्टूबर ): मुंबई के एलफिंस्टन ब्रिज के पास नए पुल का निर्माण सेना कराएगी। रेलमंत्री पीयूष गोयल, रक्षा मंत्री सीतारमण और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मंगलवार को एलफिंस्टन स्टेशन का दौरा किया और नया फुटओवर ब्रिज बनाने की घोषणा की।

रेलमंत्री ने कहा कि भारतीय सेना 31 जनवरी तक ब्रिज का निर्माण करेगी। ब्रिज के निर्माण में सेना लगाए जाने के फैसले का विपक्षी दलों ने विरोध किया है। विपक्षी दलों ने कहा कि सेना का काम युद्ध के लिए ट्रेनिंग देना है ना कि सिविलियन काम करना।

पंजाब के मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कैप्टन अमरिंदर सिंह ने ट्वीट कर कहा, 'सेना का काम युद्ध के लिए ट्रेनिंग देना है ना कि सिविलियन काम करना। रक्षा शक्ति का सिविलियन कामों में उपयोग ना करें निर्मला सीतारमण जी।' बता दें कि कैप्टन अमरिंदर सेना में रह चुके हैं।

केंद्र और महाराष्ट्र में बीजेपी की सहयोगी शिवसेना के सांसद अरविंद सावंत ने कहा, 'जुमला और ड्रामा बनाने में उनका (बीजेपी) कोई हाथ नहीं पकड़ सकता।' उन्होंने कहा, 'इसका क्या मतलब है? जानते हैं वो ब्रिज नहीं बना पाएंगे।'

वहीं रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि सेना निश्चित रूप से 'सीमा पर भूमिका निभाती है', लेकिन उनकी मदद इस मामले की गंभीरता और जरूरत को देखते हुए ली गई। उन्होंने कहा, 'हमें पता है कि प्राकृतिक आपदाओं के समय सेना को बुलाया जाता है। यह संभवतः पहला मौका है, जब सेना को निर्माण के ऐसे काम के लिए बुलाया गया है, जो वैसे नागरिक प्रशासन का काम होता है, लेकिन एलफिंस्टन हादसा बेहद गंभीर और बड़ा था।'