साउथ चाइना सी में विवादित द्वीप के पास पहुंचा अमेरिकी जंगी जहाज, बौखलाया चीन

नई दिल्ली (25 मई): अमेरिका ने दक्षिण चीन सागर में चीन को सीधी चुनौती दी है। अमेरिका का जंगी जहाज इस दक्षिण चीन सागर में चीन के एक विवादित आर्टिफिशियल आइलैंड में 20 किमी के अंदर तक पहुंच गया। अमेरिकी अधिकारियों ने दावा किया है कि डोनाल्ड ट्रम्प के राष्ट्रपति बनने के बाद इंटरनेशनल ट्रेड के लिए स्ट्रैटजिक तौर पर काफी अहमियत रखने वाले दक्षिण चीन सागर में पहली बार वॉशिंगटन ने ऐसा कदम उठाया है।

दूसरी तरफ चीन ने इस पर कड़ा विरोध दर्ज कराया है। चीन ने कहा, "यूएस वॉरशिप बिना इजाजत लिए सी में घुसा, ये हरकत हमारे सुरक्षा हितों और संप्रभुता के खिलाफ है। अमेरिका अपनी गलती सुधारे और भड़काऊ कार्रवाई न करे।"

खबरों के मुताबिक अमेरिकी अधिकारियों ने बताया कि वॉरशिप USS डेवी साउथ चाइना सी के स्प्रैटली आइलैंड्स में मिसचीफ रीफ के काफी करीब तक पहुंच गया। हालांकि बाद में पेंटागन के स्पोक्सपर्सन जेफ डेविस ने एक अखबार से बातचीत में कहा, "हम दक्षिण चीन सागर समेत पूरे एशिया पैसिफिक रीजन में इंटरनेशनल लॉ के तहत रोजाना की तरह आ-जा रहे हैं, ये पैट्रोलिंग किसी देश के खिलाफ नहीं है।"

गौरतलब है कि स्प्रैटली विवादित आइलैंड्स है। यह कई छोटे आइलैंड्स, चट्टानों और रेतीले एरिया से मिलकर बना है। चीन स्प्रैटली आइलैंड्स पर अपना दावा करता है, दूसरी ओर फिलीपींस, वियतनाम और ताइवान भी इस पर अपना दावा जताते हैं। अमेरिका इस एरिया में नेविगेशन की आजादी पर जोर देता है।

अमेरिका ने यह कदम तब उठाया है, जब ट्रम्प ने नॉर्थ कोरिया के मसले से निपटने के लिए चीन से सहयोग की मांग की है। अमेरिका नॉर्थ कोरिया के न्यूक्लियर और मिसाइल प्रोग्राम पर रोक लगाना चाहता है।