हिजुबल कमांडर आतंकी बुरहान की मौत के बाद घाटी में तनाव, अमरनाथ यात्रा रोकी

जम्मू (9 जुलाई): हिजुबल कमांडर बुरहान मुजफ्फर वाणी के मारे जाने के बाद घाटी में तनाव के हालात पैदा हो गए हैं। अलगाववादियों ने आज बंद का आह्वान किया है। हालात को देखते हुए अमरनाथ यात्रा रोक दी गई है। श्रीनगर और पुलवामा, शोपियां और अनंतनाग में कर्फ्य़ु लगा दिया गया है। यहां ट्रेन, मोबाइल और इंटरनेट सेवाएं सस्पेंड कर दी गई हैं। सभी परीक्षाएं टाल दी गई हैं।

इसके आलावा कानून व्यवस्था कायम करने के लिए अलगाववादियों को हाउस अरेस्ट कर दिया गया है। आपको बता दें कि अलगाववादियों ने आज घाटी में बंद का ऐलान किया है। ये लोग बुरहान की मौत के विरोध में रैली निकालने वाले थे।वहीं पुलवामा अनंतनाग और शोपियां में कर्फ्यू लगा दिया गया है। श्रीनगर में मोबाइल इंटरनेट सेवा भी रोक दी गई है।

बता दें कि घाटी में सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी हासिल हुई है। अनंतनाग में एनकाउंटर के दौरान जवानों ने हिजुबल मुजाहिदीन के कमांडर बुरहान मुजफ्फर वानी को ढेर कर दिया है। वानी हिजबुल में नए लड़ाकों की भर्ती करता था। आतंक की राह अख्तियार करने वालों के लिए वो आइकॉन बन चुका था।

आतंक के पोस्टर ब्वॉय के तौर पर पहचान बनाने वाले बुरहान मुजफ्फर वाणी को सुरक्षाबलों ने मार गिराया है। घाटी में हिजबुल मुजाहिदीन का कमांडर और संगठन में नए लड़ाकों की भर्ती करने वाला बुरहान सुरक्षाबलों की गोलियों का शिकार हो गया है। अनंतनाग में मुठभेड़ के दौरान सुरक्षाबलों ने उसे ढेर कर दिया। इसे घाटी में आतंक के खिलाफ सुरक्षाबलों की बड़ी कामयाबी माना जा रहा है। 

मारा गया आतंक का पोस्टर ब्वॉय बुरहान साल 2010 में अपने भाई के मारे जाने के बाद 15 साल की उम्र में ही हिजबुल मुजाहिदीन से जुड़ गया था। वो संगठन में नए लड़ाकों को रिक्रूट करता था। वो सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर नौजवानों को हिजबुल से जुड़ने के लिए बरगलाता था। सोशल साइट्स पर इसके कई फोटो वायरल हो चुके हैं।

हाल ही में इसने सोशल मीडिया पर अपना एक वीडियो भी अपलोड किया था। कुछ दिन पहले इसका एक और वीडियो सामने आया था जिसमें वो अपने साथियों के साथ घाटी के किसी जंगल में दिखाई पड़ा था। वो आतंकियों को हथियार चलाने की ट्रेनिंग भी देता था। बुरहान के मारे जाने के बाद जम्मू कश्मीर के कई इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। साथ ही अलगाववादियों ने घाटी में आज से तीन दिन के बंद का आह्वान किया है। लेकिन बुरहान की मौत को हिजबुल के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। इससे आने वाले दिनों में आतंकियों के नापाक हौसलों में कमी आने की उम्मीद है।