अखिलेश से आहत हैं अंकल अमर, कहा-नायक नहीं खलनायक हूं मैं

बनारस (22 जनवरी): समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से अंकल अमर सिंह एकबार फिर आहत नजर आ रहे हैं। हरिज्ञानानंद उर्फ मलिकार बाबा की तेरही में हिस्सा लेने बनारस पहुंचे अमर सिंह ने कहा कि पार्टी से सिर्फ 3 लोग हटाए गए। मुलायम सिंह यादव, शिवपाल यादव और अमर सिंह। हम तीनों लोग पार्टी से हटे और कटे लोग हैं। कुछ भी होगा ठीकरा हमारे ऊपर फोड़ दिया जाता है। उन्होंने रामायण की चौपाई "तापस भेष विशेष उदासी" का उदाहरण दिया और कहा पिता की आज्ञा पर राम ने 14 वर्ष तक वनवास किया। अब क्या हो रहा है यह आप लोग देखिए।

अमर सिंह ने कहा कि वे प्रोफेसर रामगोपाल के यादव के निशाने पर हैं। कहा कि रामगोपाल यादव खुलेआम मेरी हत्या की चुनौती दे रहे हैं और कह रहे हैं कि मैं यूपी से सुरक्षित वापस नहीं जाऊंगा। साथ ही अमर सिंह ने कहा कि मुलायम सिंह यादव मेरे नेता रहे हैं और मैंने उनके साथ काम किया। अगर मुलायम सिंह ही समाजवादी पार्टी में नहीं रहे तो अखिलेश की पार्टी ने मुझे निष्काषित कर दिया है।

अमर सिंह की बड़ी बातें...

- जब मुलायम सिंह पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष थे तब मुझे महासचिव बनाया

- अखिलेश के अधिवेशन में 3 ऐजेंडे थे। अमर सिंह, शिवपाल और मुलायम सिंह को हटाना

- नायक नहीं खलनायक है अमर सिंह जुल्मी बड़ा दुखदायक है

- मुलायम सिंह का कुर्ता-पयजामा भी साथ हो तो मैं उनके साथ रहूंगा

- मैं मुलायम वादी कहता था वो अखिलेशवादी हो गए

- उन्‍होंने मुझे अकेला छोड़ दिया और मुझे स्वतंत्र कर दिया