राज्यपाल के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट पहुंचे राम जेठमलानी

नई दिल्ली (17 मई): वरिष्ठ वकील राम जेठमलानी ने कर्नाटक के राज्यपाल द्वारा बीजेपी को सरकार बनाने का न्योता देने के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। जेठमलानी ने राज्यपाल के फैसले को 'संवैधानिक शक्ति का घोर दुरुपयोग' बताया है। चीफ जस्टिस दीपक मिश्रा के नेतृत्व वाली पीठ ने तत्काल सुनवाई के लिए दायर की गई जेठमलानी की याचिका पर विचार किया और कहा कि गुरुवार तड़के कर्नाटक मामले की सुनवाई करने वाली तीन सदस्यीय स्पेशल बेंच शुक्रवार को इस पर सुनवाई करेगी।

राम जेठमलानी ने कहा, “राज्यपाल का आदेश संवैाधानिक शक्तियों का घोर दुरुपयोग है, इससे वह जिस पर विराजमान हैं उसकी मर्यादा को ठेस पहुंचा है।” उन्होंने कहा कि वह किसी पार्टी के समर्थन या विरोध में सुप्रीम कोर्ट नहीं आए हैं। बल्कि राज्यपाल ने जिस तरह से फैसला लिया है उससे वह आहत हुए हैं।

प्रधान न्यायाधीश दीपक मिश्रा के नेतृत्व वाली पीठ ने तत्काल सुनवाई के लिए दायर की गई जेठमलानी की याचिका पर विचार किया और कहा कि आज तड़के मामले की सुनवाई करने वाली तीन सदस्यीय विशेष पीठ कल (18 मई) इस पर सुनवाई करेगी। 

न्यायमूर्ति ए एम खानविल्कर और न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ की पीठ ने वरिष्ठ अधिवक्ता से कहा कि वह न्यायमूर्ति ए के सीकरी की अगुवाई वाली तीन सदस्यीय पीठ के समक्ष 18 मई को अपनी याचिका दायर करें जब कांग्रेस पार्टी और जनता दल ( सेक्यूलर ) की याचिकाओं पर सुनवाई होगी।