अजमेर शरीफ दरगाह के दीवान ने किया ऐलान, नहीं खाऊंगा बीफ, मुसलमान भी छोड़ें

नई दिल्ली ( 3 अप्रैल ): सूफी संत हजरत ख्वाजा मोईनुद्दीन चिश्ती के वंशज और प्रमुख दरगाह दीवान सैयद जैनुल आबेदीन अली खान ने उर्स के मौके पर ऐलान किया है कि वे बीफ कभी नहीं खाएंगे।


उन्होंने कहा कि बीफ को लेकर देश में दो समुदायों के बीच पनप रहे वैमनस्य पर विराम देने के लिए सरकार को देश में गोवंश की सभी प्रजातियों के वध और इनके मांस की बिक्री पर व्यापक प्रतिबंध कर देना चाहिए।


अजमेर दरगाह के दीवान ने कहा कि मुसलमान को भी इनके वध से खुद को दूर रहकर इसके सेवन को त्यागने की पहल करनी चाहिए। गाय को भी राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग केन्द्र सरकार से की है। उन्होंने कहा कि मैं यह अपील करना चाहता हूं कि किसी भी तरह का जानवर नहीं काटा जाना चाहिए।


उन्होंने गाय को भी राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग केन्द्र सरकार से की है।