टूट की ओर AIADMK, आज का दिन अहम

मुंबई (15 फरवरी): जयललिता की राजनीतिक विरासत दो धड़े टूटने की ओर तेज से बढ़ रहा है। तमिलनाडु की सबसे बड़ी राजनैतिक पार्टी अन्ना द्रमुक द्रविड़ मुनेत्र कड़गम यानि AIADMK) अब एक बंटवारे की ओर बढ़ती हुई दिख रही है। सुपरस्टार एम जी रामचंद्रन इसके संस्थापक थे। फिर करीब 25 सालों तक जयललिता ने इसकी कमान संभाली। अब जयललिता इस दुनिया में नहीं हैं और शशिकला-पन्नीरसेल्वम की सियासी उठापटक के बीच शशिकला को सुप्रीम कोर्ट ने 4 साल की सजा सुनाई है। जाते-जाते शशिकला ने भी पन्नीरसेल्वम को पार्टी से बाहर निकालने का आदेश दे दिया है। इस सबके बीच पार्टी के दो धड़ों में बंटने की संभावना काफी मजबूत नजर आ रही है।

शशिकला ने अपनी जगह PWD और राजमार्ग मंत्री पलनिसामी को बागडोर सौंपी है। पलनिसामी अब सीधे-सीधे पन्नीरसेल्वम के मुकाबले में खड़े हैं। पार्टी के अंदर का राजनैतिक और उत्तराधिकार संकट और बढ़ने की आशंका है। दोनों धड़े विधानसभा में अपने-अपने पक्ष में शक्ति प्रदर्शन करने की पूरी तैयारी कर रहे हैं। जयललिता की असमायिक मृत्यु के बाद शशिकला बहुत हद तक पार्टी को एकजुट रखती दिख रही थीं।

जबतक उन्होंने मुख्यमंत्री की गद्दी पर बैठने का फैसला नहीं किया था, तब तक सभी कुछ उनके नियंत्रण में दिख रहा था। परेशानियां तब शुरू हुईं जब शशिकला पार्टी महासचिव के साथ-साथ मुख्यमंत्री का पद भी संभालने चलीं। इसके बाद बेहद भरोसेमंद और विश्वस्त माने जाने वाले पन्नीरसेल्वम ने उनके खिलाफ बिगुल बजा दिया। पन्नीरसेल्वम की छवि एक शांत नेता की रही है, लेकिन अपने बदले हुए अवतार में वह बागी तेवर दिखा रहे हैं। उनकी बगावत ने AIADMK की राजनैतिक स्थिति को पूरी तरह बदल कर रख दिया है।