ऑटो ड्राइवर ने दो महीने पैसेंजर को ढ़ूंढ़ा, मिलने पर लौटाया गुम हुआ गोल्ड नेकलेस

नई दिल्ली (3 फरवरी): मुंबई में एक ऑटो ड्राइवर की ईमानदारी का एक बेहतरीन उदाहरण सामने आया है। इस ड्राइवर के ऑटो में दो महीने पहले एक दंपति बैठे थे, जो अपना 1 लाख रुपए कीमत का सोने का नेकलेस ऑटो में ही भूल गए थे। तभी से यह ड्राइवर उनकी तलाश कर रहा था। आखिरकार घाटकोपर में ड्राइवर की तलाश पूरी हुई। उसने पैसेंजर को ढ़ूंढ़ लिया और खोया हुआ नेकलेस उन्हें वापस लौटा दिया। 

'मिड-डे' की रिपोर्ट के मुताबिक, 17 नवंबर को घाटकोपर के कामा लेन के रहने वाले 67 वर्षीय हंसराज खत्री और 62 वर्षीय हीरामती खत्री एक ऑटो में सवार हुए। उन्होंने 50 वर्षीय ड्राइवर अरुण शिंदे को उन्हें घाटकोपर स्टेशन छोड़ने के लिए कहा। 

हंसराज ने बताया कि उन्हें प्लेटफॉर्म पर पहुंचने के बाद एहसास हुआ कि हीरामती का नेकलेस गायब था। दंपति तुरंत वापस आए और उसी ऑटो को खोजने लगे। उन्हें लगा कि नेकलेस जरूर उसी में गिर गया होगा। लेकिन तब तक ऑटो जा चुका था। इसके बाद दंपति कई बार वहां शिंदे की तलाश में आए लेकिन उसे ना पाकर उन्होंने सारी उम्मीदें खो दी थीं। इसी बीच शिंदे भी दंपति की तलाश में लगा रहा।

17 जनवरी को हीरामती के घर के पास की मार्केट में ड्राइव करने के दौरान शिंदे ने उन्हें देख लिया। शिंदे ने उनसे बात करने की कोशिश की। शिंदे ने हीरामती से पूछा कि क्या उन्होंने उसे पहचाना? जब हीरामती उन्हें नहीं पहचान सकीं, तो शिंदे ने उस घटना की याद दिलाई। उसने बताया कि वह उसके ऑटो में अपना नेकलेस भूल गईं थीं। शिंदे ने उन्हें अपने घर बुलाया और नेकलेस वापस कर दिया।

हंसराज ने बताया, "शिंदे हीरामती को अपने घर ले गया और उसका सोने का नेकलेस वापस कर दिया। हीरामती ने कहा कि वह उसे ईनाम देना चाहती है, लेकिन शिंदे ने मना कर दिया और कहा कि वह सिर्फ उनका आशीर्वाद चाहता है और कुछ नहीं। उसने कहा कि वह खुश है कि उसने उन्हें खोज लिया।"