अफगानिस्तान: काबुल में मौलवियों की सभा में आत्मघाती हमला, 14 की मौत

नई दिल्ली ( 4 मई ): अफगानिस्तान की राजधानी काबुल एक बार फिर आत्मघाती हमले से दहल गई है। आतंकवाद की निंदा और शांति स्थापित करने के लिए सोमवार को दो हजार से ज्यादा मौलवी और धर्म गुरू एक बैठक में शिरकत करने पहुंचे थे। बैठक के दौरान आतंकी आत्मघाती हमला हुआ। इस हमले में 14 लोगों की मौत हो गई है। सुरक्षा अधिकारियों ने यह जानकारी दी। बम विस्फोट की घटना काबुल के पश्चिम स्थित एक आवासीय इलाके के पास हुयी। घटनास्थल पर अपने परिवारों के साथ आयीं महिलायें विलख रही थीं।इस हमले की जिम्मेदारी अभी तक किसी भी संगठन ने नहीं ली है। एक सुरक्षा अधिकारी ने मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका व्यक्त करते हुए कहा,' विस्फोट के बाद घटनास्थल के पास दहशत का माहौल व्याप्त हो गया।' खबर के मुताबिक, इस हमले में काफी लोग गंभीर रूस से घायल हुए हैं। ऐसे में मरने वालों की संख्‍या में इजाफा हो सकता है।बताया जा रहा है कि इस हमले में मारे गए लोगों में 7 धर्म गुरु, 4 सुरक्षाकर्मी और 3 तीन ऐसे हैं, जिनकी अभी तक पहचान नहीं हो पाई है। दरअसल, यहां की एक शीर्ष धार्मिक संस्था ने एक फतवा जारी करते हुए इस्लामिक कानून के तहत आत्मघाती हमलों को हराम करार दिया है। इस बैठक में अफगान उलेमा काउंसिल के सदस्यों की एक सभा में फतवा जारी किया। काउंसिल में मौलवी, विद्वान और धर्म और कानून से जुड़े लोग शामिल हैं।अफगान काउंसिल ने अफगानिस्‍तानी सरकार की सेना और तालिबान, अन्य आंतकवादियों से लड़ाई रोकने और संघर्ष विराम पर सहमति बनाने की अपील की है। उसने दोनों पक्षों के बीच शांति वार्ता का भी आह्वान किया। यह पहली बार है जब काउंसिल ने ऐसी अपील की है।