पाक, बांग्लादेश और अफगान के अल्पसंख्यकों को मोदी सरकार का तोहफा

नई दिल्ली (20 अगस्त): केंद्र सरकार ने पिछले दो सालों में अफगानिस्तान, बांग्लादेश और पाकिस्तान से भारत में लॉन्ग टर्म वीज़ा (LTV) पर रह रहे अल्पसंख्यक लोगों के लिए कुछ सुविधाएं बढ़ाईं हैं। जिनमें खासतौर पर हिंदू, सिख, बौद्ध, जैन, पारसी और ईसाई समुदाय के लोग शामिल हैं।

इन सुविधाओं में रिनन्सिएशन सर्टिफिकेट, दो साल की जगह 5 साल का LTV, शिक्षा और रोजगार की फैसिलिटीज़ शामिल हैं। अब सरकार उनके रहने के लिए और भी निष्पक्ष अवसर, आरामदायक रहन सहन और बिना रुकावट के आवाजाही दिलाने के लिए अतिरिक्त सुविधाएं देगी। साथ ही भारत की सीमा के भीतर आर्थिक गतिविधियां करने के लिए भी सरकार ने LTV होल्डर्स क्लास को ये सुविधाएं देने का फैसला किया है।

- बैंक अकाउंट खोलने की मंजूरी। - खुद के लिए सम्पत्ति खरीदने की मंजूरी। साथ ही अपना रोजगार शुरू करने के लिए उपयुक्त जगह। - स्वरोजगार लेने की मंजूरी। - ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड और आधार कार्ड जारी करने की मंजूरी। - राज्य/केंद्र शासित राज्यों में फ्री-मूवमेंट को मंजूरी, जहां वे रह रहे हैं। - एक राज्य से दूसरे राज्य में LTV पेपर्स का ट्रांसफर। - शॉर्ट टर्म वीजा/LTV एक्सटेंशन ना कराने पर जुर्माना 30, 130 और 230 डॉलर से घटाकर 100, 200 और 500 रुपए।