ABVP की मांग- 'कॉन्वोकेशन में ड्रेस कोड हो धोती-कुर्ता, साड़ी'

नई दिल्ली (17 जून): रांची यूनिवर्सिटी से ग्रैजुएट होने वाले स्टूडेंट्स एक अजीब सी समस्या में पड़ गए हैं। यहां यूनिवर्सिटी प्रशासन और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के बीच इस बात को लेकर तनातनी हो रही है कि 5 जुलाई को होने जा रहे दीक्षांत समारोह (कॉन्वोकेशन) में उन्हें क्या पहनना चाहिए।

'हिंदुस्तान टाइम्स' की रिपोर्ट के मुताबिक, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के यूथ विंग एबीवीपी ने ड्रेस कोड में लड़कों के लिए धोती-कुर्ता और लड़कियों के लिए साड़ी की मांग की थी। एबीवीपी ने कहा कि परंपरागत गाउन्स ब्रिटिश संस्कृति है। जिसे अब खत्म करना चाहिए। हालांकि, यूनिवर्सिटी प्रशासन ने सभी स्टूडेंट्स के लिए सेरेमनी के दौरान गाउन्स पहनने को ही अनिवार्य किया है।

रांची में एबीवीपी कन्वीनर अटल पांडेय ने कहा, "हम कॉन्वोकेशन के दिन गाउन्स के इस्तेमाल के खिलाफ सामूहिक विरोध करेंगे। इसके अलावा कार्यवाही को भी रोक देंगे। भारत आज से 60 साल पहले आजाद हो गया, लेकिन यूनिवर्सिटी ब्रिटिश संस्कृति को लागू रखना चाहती है। जो स्वीकार नहीं किया जा सकता।"

यह विवाद रांची यूनिवर्सिटी के छात्र चुनावों में अहम भूमिका निभा सकती है। एबीवीपी का दावा है कि वाइस चांसलर को इस ड्रेस कोड के लए करीब तीन बार ज्ञापन सौंपा गया है। लेकिन प्रशासन ने उनकी मांग नामंजूर कर दी है। 

आरयू वाइस चांसलर, रमेश पांडेय ने कहा, "यह सभी स्टूडेंट्स के लिए अनिवार्य है कि वे कॉन्वोकेशन के दिन डिग्री पाने के समय गाउन पहनें, नहीं तो उन्हें इस दिन डिग्री नहीं मिलेगी।" उन्होंने कहा कि यूनिवर्सिटी के कॉन्वोकेशन सेरेमनी के लिए नियम तय हैं। इसमें इतने कम समय में चाहकर भी बदलाव नहीं किया जा सकता।