एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने उड़ाई सुशासन की धज्जियां

नीरज आनन्द, बरेली (20 मार्च): लखनऊ में बीजेपी की सरकार सुशासन के नाम पर सज-धज रही थी तो बरेली कॉलेज में एबीवीपी के कार्यकर्ता उसी सुशासन की धज्जियां उड़ा रहे थे। कार्यकर्ताओं का आक्रोश इतना था कि जो भी सामने मिला चूर-चूर हो गया।


हालात इतने बेकाबू हुए कि डर के मारे सेमिनार हॉल से सभी लोग भाग खड़े हुए। एबीवीपी कार्यकर्ताओं का आरोप है कि कॉलेज में आयोजित सेमीनार में आरएसएस चीफ के खिलाफ एक प्रोफेसर ने आपत्तिजनक टिप्पणी की है।


दरअसल कॉलेज के हिंदी विभाग ने दो दिवासयी सेमीमार का आयोजन किया था, जिसमें प्रदेश भर से हिंदी के नामचीन हस्तियों को बोलने के लिए बुलाया गया था। आरोप है कि इस सेमिनार में हिंदी के एक प्रोफेसर ने बीजेपी, आरएसएस के खिलाफ टिप्पणी की। मोहन भागवत की तुलना आतंकवाद से कर दी, जिसके बाद माहौल गरमा गया।


जैसे ही ये खबर एबीवीपी के कार्यकर्ताओं को लगी कॉलेज पहुंचकर हंगामा करने लगे। गुस्साए छात्रों ने सोमिनार बंद करवा दिया और ऑडिटोरियम पर ताला जड़ दिया। कॉलेज में हंगामे की खबर लगते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई और हालात को काबू करने में जुट गई। पुलिस का कहा है कि सभी पहलुओं पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी।


एबीवीपी की मांग है कि मोहन भागवत पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाले प्रोफेसर पर जल्द से जल्द कार्रवाई हो। प्रोफेसर के खिलाफ केस भी दर्ज करवा दिया गया है।