News

सुपर कंप्यूटर बनाने वाली पांच चीनी कंपनियां अमेरिका में ब्लैक लिस्ट

चीनी जासूसों ने अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा में सेंध लगा दी है। ऐसा आरोप अमेरिकी प्रशासन का है। अमेरिकी प्रशासन का यह भी कहना है कि ये चीनी जासूस सुपर कंप्यूटरों के जरिए अमेरिकी सुरक्षा में घुन की तरह लगे हुए थे। इससे पहले कि कोई बड़ा संकट पैदा होता ट्रंप प्रशासन ने सुपर कंप्यूटर बनाने वाली पांच कंपनियों को ब्लैक लिस्टेट कर दिया। हालांकि ट्रंप का यह कदम चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ होने वाली उनकी वार्ता में बाधा बन सकती है

America Blacklists Chinese Super Computing Companies

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (22 जून): चीनी जासूसों ने अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा में सेंध लगा दी है। ऐसा आरोप अमेरिकी प्रशासन का  है। अमेरिकी प्रशासन का यह भी कहना है कि ये चीनी जासूस सुपर कंप्यूटरों के जरिए अमेरिकी सुरक्षा में घुन की तरह लगे हुए थे। इससे पहले कि कोई बड़ा संकट पैदा होता ट्रंप प्रशासन ने सुपर कंप्यूटर बनाने वाली पांच कंपनियों को ब्लैक लिस्टेट कर दिया। हालांकि ट्रंप का यह कदम चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ होने वाली उनकी वार्ता में बाधा बन सकती है। लेकिन ट्रंप प्रशासन ने कहा है कि राष्ट्रीय सुरक्षा से बढ़ कर कुछ भी नहीं हो सकता। इसलिए यह कदम उठाया गया। ट्रंप प्रशासन ने कहा कि  सुपर कंप्यूटिंग क्षेत्र में काम करने वाले पांच चीनी कंपनी सुगोन, उसकी तीन सहयोगी कंपनियां  ब्लैक लिस्ट की गयीं हैं। सुगोन मुख्य तौर पर अमेरिका की इंटेल, एनवीडिया और एडवांस माइक्रो डिवाइसेस जैसी कंपनियों के उपकरणों की आपूर्ति  करती है। इसके अलावा वुक्सी जियांगनन इंस्टीट्यूट ऑफ कंप्यूटिंग टेक्नोलॉजी को भी इस सूची में डाला गया है।मिली जानकारी के अनुसार चीन की इन कंपनियों को अमेरिका ने शुक्रवार को ही ब्लैक लिस्ट किया है। इस कदम से अगले सप्ताह राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उनके चीनी समकक्ष शी जिनपिंग के बीच होने वाली बातचीत के लिए मुश्किल खड़ी हो सकती है। अमेरिका और चीन दुनिया की दो सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाएं हैं और इस वक्त व्यापार संबंधी विवादों से गुजर रही हैं। विवाद को सुलझाने के लिए ही दोनों देशों के प्रमुखों की बैठक हो रही है। चीन के साथ अमेरिका का ट्रेड विवाद इस कार्रवाई से और भी जटिल होने की संभावना बन गयी है।वाणिज्य विभाग का कहना है कि इन समूहों की गतिविधियां अमेरिका की विदेशी नीति के हितों और राष्ट्रीय सुरक्षा के खिलाफ हैं। अमेरिका के मुताबिक सुगोन और वुक्सी पर चीन के सैन्य शोध संस्थान का मालिकाना हक है। यह चीन की सेना के आधुनिकीकरण में मदद करने वाले अगली पीढ़ी के बेहतर क्षमता वाले कंप्यूटिंग के विकास में संलग्न हैं।Images Courtesy:Google


Get Breaking News First and Latest Updates from India and around the world on News24. Follow News24 and Download our - News24 Android App . Follow News24online.com on Twitter, YouTube, Instagram, Facebook, Telegram , Google समाचार.

Tags :

Top