News

ब्रिटिश मीडिया ने भारत को माना 'सुपरपावर'

नई दिल्ली ( 22 नवंबर ): 1946 में स्थापना के बाद से पहली बार इंटरनेनल कोर्ट ऑफ जस्टिस में ब्रिटेन का कोई जज नहीं होगा। इस पर ब्रिटेन में विपक्षी पार्टियों के विरोधी सुर भी उठने लगे हैं। हाउस ऑफ कॉमन्स में टोरी पार्टी के सांसद रॉबर्ट जेनरिक ने इसे ब्रिटिश डिप्लोमेसी की बड़ी हार बताया है। 

उनके इस बयान का समर्थन लंदन की थिंक टैंक चैटम हाउस की असोसिएट फेलो लेजली विंजामुरी ने भी किया। उन्होंने कहा कि मैं भी ऐसा मानती हूं कि यह ब्रिटेन के लिए शर्मिंदगी की बात है। 

वहीं द इकॉनमिस्ट के फॉरन एडिटर रॉबर्ट गेस्ट ने कहा कि मुझे नहीं लगता कि यह यूके के लिए बहुत बड़ी बात है। यह भारत के लिए बड़ी बात हो सकती है। यह पहले से तय था कि ब्रिटेन इस मुद्दे पर झुकने के लिए तैयार है। ऐसा इसलिए क्योंकि ब्रिटेन ब्रेग्जिट से बाहर होने के बाद वो भारत से अच्छे व्यापारिक संबंध बनाने पर जोर दे रहा है। 

इस वक्त ब्रिटेन के लिए भारत से बेहतर व्यापारिक संबंध आईसीजे की एक सीट से ज्यादा जरूरी है। उन्होंने कहा कि भारत को इस वक्त उसकी असली हैसियत के मुताबिक उसे अंतरराष्ट्रीय मंचों पर कम मान्यता मिली हुई है। इसलिए भारत ज्यादा मान्यता पाने में लगा हुआ है। भारत तेजी से बड़ी ताकत बनता जा रहा है और उसे आईसीजे में एक सीट मिलनी ही चाहिए थी।  

संडे एक्सप्रेस के सुरक्षा और कूटनीतिक संपादक मार्को जिनैंजली का कहना है कि, 'मैंने जैसा सुना कि यह भारत का भरोसा जीतने के लिए किया गया, क्योंकि ब्रेग्जिट के बाद आईसीजे में एक जज से ज्यादा महत्वपूर्ण हमारा रिश्ता है। मैं मानता हूं कि संयुक्त राष्ट्र में ज्यादा प्रतिनिधित्व और बदलाव की बहुत दरकार महसूस की जा रही है, खासकर भारत की ओर से जो खुद को सुपरपावर बनता देख रहा है। मुझे लगता है कि दूसरे प्रतिद्वंद्वी के रूप में भारत के रहने के कारण ब्रिटेन में कम चिंता थी क्योंकि भारत में भी कानून का आधार स्तंभ यूके जैसा ही है।' 

भारतीय मूल के टोरी पार्टी के सांसद शैलेश वारा ने कहा, 'यह यूके के लिए निराशाजनक है, लेकिन थोड़ी राहत की बात यह है कि यह (आईसीजे की सीट) भारत के पास गई है जो यूके के बहुत करीब है और जिसके साथ हमारा सबसे मजबूत रिश्ता है।' 


Related Story

Get Breaking News First and Latest Updates from India and around the world on News24. Follow News24 and Download our - News24 Android App . Follow News24online.com on Twitter, YouTube, Instagram, Facebook, Telegram , Google समाचार.

Tags :

Top