लोस चुनाव से पहले मोदी का तोहफा- किसानों के खाते में सीधे आयेंगे हजारों रुपये

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न्यूज 24 ब्यूरो नई दिल्ली (फरवरी 23) : ठीक लोकसभा चुनाव पीएम मोदी किसानों को खुश करने के लिए बड़ा तोहफा देने जा रहे हैं। मोदी रविवार को उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के गढ़ गोरखपुर में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की शुरुआत करेंगे। इसके तहत प्रधानमंत्री 2000 रुपए की पहली किश्त देश के 12 करोड़ किसानों के खाते में जारी करेंगे।

इस योजना की शुरुआत करने से पहले पीएम मोदी ने शनिवार को एक ट्वीट किया। उन्होंने कहा कि रविवार का दिन ऐतिहासिक है। 'प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना' की शुरुआत गोरखपुर से होगी. यह एक ऐसी योजना है जो भारत के उन करोड़ों मेहनती किसानों की आकांक्षाओं को पंख देगी जो हमारे देश का भरण पोषण करते हैं।

बता दें कि मोदी सरकार ने अंतरिम बजट में किसानों को लेकर बड़ा फैसला लिया था। सरकार ने किसानों के लिए 'प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की घोषणा की थी। इस योजना के तहत देश के 12 करोड़ किसानों को उनकी फसल के लिए सालाना 6 हजार रुपये दी जाएगी। किसानों को सरकार द्वारा दिए जाने वाले 6000 रुपये 3 किश्तों में अकाउंट में सीधे ट्रांसफर किए जाएंगे। इस योजना का लाभ उन किसानों को मिलेगा जिनके पास दो हेक्टेयर या उससे कम जमीन है।

रविवार को जारी होने वाली पहली किश्त के बाद देश में आम चुनाव होने हैं। चुनाव से ठीक पहले सरकार के इस कदम से सीधा किसानों को लाभ होगा. सरकार का तोहफा वोट में कितना तब्दील होगा, ये तो चुनाव के बाद नतीजे ही बताएंगे, लेकिन उससे पहले मोदी सरकार के इस कदम को गेमचेंजर माना जा रहा है। किसानों की नाराजगी भी  मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ में मिली हार की एक वजह रही। ऐसे में सरकार एक बार फिर किसानों को पाले में लाने के लिए ये बड़ा दांव चली है।

एक और सरकार जहां इस योजना को लेकर अपना पीठ थपथपा रही है तो वहीं कांग्रेस सरकार पर हमला करने का कोई मौका नहीं छोड़ रही है। इस योजना के ऐलान होते ही कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने सीधे सरकार पर हमला बोला था। उन्होंने रोजाना 17 रुपये किसानों को देने वाले सरकार के फैसले को किसानों का अपमान बताया।.


बता दें कि जिनको इसका लाभ मिलेगा वो सिर्फ एक किसान नहीं हैं वो एक वोटर भी हैं। यही आगामी लोकसभा चुनाव में वोट भी डालेंगे। 12 करोड़ किसानों का मतलब है करीब 36 करोड़ मतदाता. जानकारों का मानना है कि ये स्कीम लाकर सरकार ने यह दिखाने का प्रयास किया है कि उसने किसानों के लिए कुछ बड़ा किया है।