आखिर ममता को झुकना पड़ा, सभी मांगें मानी, डॉक्टरों से काम पर लौटने की अपील

Mamata Benarjee

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (15 जून): इलाज के अभाव में दम तोड़ते बच्चों ने ममता बनर्जी को हिला कर रख दिया। डॉक्टरों के खिलाफ अपने अड़ियल को छोड़कर ममता बनर्जी ने कहा कि मैं डॉक्टरों की सभी मांगे मान रही हूं। पश्चिम बंगाल सरकार किसी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं करेगी। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि मेरी अपील है कि सभी डॉक्टर्स अब काम पर वापस आ जायें। ममता बनर्जी ने हिंसा की घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि इस मामले में जल्द ही समाधान पर पहुंचा जाएगा। ममता ने डॉक्टरों को बैठक के लिए बुलाई थी, लेकिन डॉक्टरों ने बैठक में जाने से इनकार कर दिया। ममता ने कहा कि डॉक्टरों को संवैधानिक संस्थाओं का सम्मान करना चाहिए।  ममता ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, 'डॉक्टरों के साथ मारपीट दुर्भाग्यपूर्ण है। हमारी सरकार मामला सुलझाने का हर संभव प्रयास कर रही है। हमने डॉक्टरों से बात करने की कोशिश की, लेकिन वादे के बावजूद डॉक्टर बैठक में नहीं आए। इस हड़ताल की वजह से गरीबों का इलाज नहीं हो पा रहा है। कम से कम अस्पताल में इमर्जेंसी सेवाएं जारी रखनी चाहिए। हम राज्य में एस्मा ऐक्ट लागू नहीं करना चाहते हैं।'ममता ने कहा, 'हमने डॉक्टरों की सभी मांगें मान ली हैं। मैंने कल और आज अपने मंत्रियों, चीफ सेक्रटरी को डॉक्टरों से मिलने के लिए भेजा था, उन्होंने डॉक्टरों के प्रतिनिधिमंडल से मिलने के लिए 5 घंटे तक इंतजार किया, लेकिन वे नहीं आए। आपको संवैधानिक संस्था को सम्मान देना होगा। हमने एक भी व्यक्ति को गिरफ्तार नहीं किया। हम किसी तरह का बल प्रयोग नहीं करेंगे। स्वास्थ्य सेवाएं इस तरह जारी नहीं रह सकतीं। मैं कोई कड़ी कार्रवाई नहीं करने जा रही हूं।'सीएम ममता बनर्जी ने कहा, 'राज्य सरकार जल्द से जल्द सामान्य चिकित्सा सेवाएं फिर से शुरू करने के लिए प्रतिबद्ध है। 10 जून की घटना दुर्भाग्यपूर्ण थी। हम लगातार समाधान तक पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं। मैं सभी डॉक्टरों से फिर से काम शुरू करने की अपील करती हूं, क्योंकि हजारों लोग मेडिकल ट्रीटमेंट के लिए इंतजार कर रहे हैं।'ममता बनर्जी ने कहा, 'पश्चिम बंगाल सरकार आवश्यक कदम उठाने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है। राज्य ने निजी अस्पताल में भर्ती जूनियर डॉक्टर के मेडिकल ट्रीटमेंट के सभी खर्चों को वहन करने का निर्णय लिया है। इससे पहले हिंसा के बाद हड़ताल कर रहे नाराज डॉक्टरों ने ममता बनर्जी से बंद कमरे में मुलाकात करने से इनकार कर दिया।ममता बनर्जी ने डॉक्टरों को राज्य सचिवालय में मुलाकात के लिए बुलाया था, लेकिन डॉक्टरों ने ममता के बुलावे को अस्वीकार कर दिया। डॉक्टरों ने कहा कि वे इस मुलाकात के संबंध में बेहद असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। इसके बजाय डॉक्टरों ने सीएम को एनआरएस मेडिकल कॉलेज और हॉस्पिटल आकर मुद्दे को सुलझाने के लिए कहा है।

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