हिंदू-मुस्लि‍म कपल का पासपोर्ट रोकने वाले अफसर का दावा, मेरा काम पूछताछ करना

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (21 जून): लखनऊ में हिंदू-मुस्लिम कपल मोहम्मद अनस सिद्दीकी और उनकी पत्नी तन्वी सेठ के पासपोर्ट पर मचे बवाल के बाद ऑफिसर विकास मिश्रा को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए उनका तबादला भी कर दिया गया।अनस और तन्वी का आरोप है कि पासपोर्ट ऑफिसर विकास मिश्रा ने उन्हें सरेआम अपमानित करने के बाद उनका पासपोर्ट रोक दिया था। जिसके बाद उन्होंने विदेश मंत्री सुषमा स्वराज को ट्वीट और ई-मेल किया। हालांकि इस मामले में पासपोर्ट आफिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए दोनों को पासपोर्ट दे दिया है। लेकिन इस मामले में पहली बार पासपोर्ट ऑफिसर विकास मिश्रा सामने आए हैं।पासपोर्ट ऑफिसर विकास मिश्रा ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि हमें किसी के धर्म से कोई लेना-देना नहीं होता। हमें पासपोर्ट आफिस के जो नियम होते हैं, उनके हिसाब से फैसला लेना होता है। उन्होंने आवेदन करते समय अपना पुराना नाम लिखा, इसके अलावा वह नोएडा में रहतीं हैं और उनको गाजियाबाद से अप्लाई करना चाहिए था, लेकिन उन्होंने इस तथ्य को छुपाते हुए लखनऊ में पासपोर्ट के लिए अप्लाई किया।विकास मिश्रा ने कहा कि जब मैंने उनसे इस बारे में पूछा तो उन्होंने अपना निकाहनामा दिखाया था, जिसमें उनका नाम सादिया हसन है। लेकिन इस जानकारी को उन्होंने पासपोर्ट फॉर्म में नहीं दिखाया। इसी के साथ तन्वी ने कहा कि वह लखनऊ के निवास पर ही पासपोर्ट बनवा लेंगी। मेरा काम सिर्फ उनसे यह पूछना था कि कहीं आप नियमों का उल्लंघन तो नहीं कर रही है, जो उन्होंने किया। उन्होंने कहा कि अगर मैंने जो किया, वह करना गलत है तो हमारी ड्यूटी क्या है ये हमें बता दिया जाना चाहिए।