अखिलेश से मुलाकात के बाद मायावती से मिलेंगे जयंत चौधरी

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न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (17 जनवरी): आगामी लोकसभा चुनावों के मद्देनजर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से मुलाकात के बाद RLD उपाध्यक्ष जयंत यादव आज बसपा सुप्रीमो मायावती से भी दिल्ली में मुलाकात कर सकते हैं। कल अखिलेश से मुलाकात के बाद जयंत चौधरी ने कहा था कि मुलाकात बहुत ही अच्छे माहौल में हुई और सीटों को लेकर कोई पेंच नहीं फंसा है।

सूत्रों से खबर मिल रही है कि समाजवादी पार्टी RLD को एक और सीट देने का विचार कर रही है, लेकिन ये उम्मीदवार एसपी का होगा व RLD के सिंबल पर लड़ेगा। अब तक समाजवादी पार्टी RLD को 3 सीट देने पर राजी है, जिनमें बागपत, मुजफ्फरनगर और मथुरा के लिए बातचीत लगभग तय। लेकिन RLD हाथरस या कैराना में भी एक सीट चाहता है। अब कहा जा रहा है कि अखिलेश और जयंत की एक बार फिर जल्द मुलाकात हो सकती है। ऐसे में सूत्रों की तरफ से बताया जा रहा है कि अखिलेश ने गठबंधन में RLD के शामिल होने का ऐलान करने से पहले बसपा सुप्रीमो मायावती से जयंत चौधरी को मुलाकात करने को कहा है।

दरअसल, 4 जनवरी को दिल्ली में मायावती और अखिलेश की बैठक में RLD को दो सीटें देने का फ़ार्मूला तय हुआ था। ये दो सीटें मुज़फ्फरनगर और बागपत हैं। मुजफ्फरनगर से चौधरी अजीत सिंह और बागपत से जयंत चौधरी प्रत्याशी होंगे। मगर बुधवार को जयंत चौधरी ने अखिलेश यादव से मिलकर कैराना, मथुरा और हाथरस की सीटें भी मांगी। कैराना सीट पर सपा के समर्थन से RLD की उम्मीदवार तब्बसुम हसन उपचुनाव जीती थीं। अखिलेश ने सपा के कोटे से RLD को दो और सीटें देने का भरोसा दिलाया था, पर हाथरस सीट बसपा के कोटे में पहले ही जा चुकी है। हालांकि, कैराना और मथुरा सीट पर आरएलडी के दरवाजे अभी बंद नहीं हुए हैं, दो सीटों पर आरएलडी की अब भी बात बन सकती है।

बता दें कि यूपी की राजधानी लखनऊ में संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सपा प्रमुख अखिलेश यादव और बसपा सुप्रीमो मायावती ने सीटों के बंटवारे पर से सस्पेंस खत्म कर दिया और 38-38 सीटें अपने पास रख लीं। मायावती ने प्रेस कांफ्रेंस में सपा और बसपा दोनों दलों के लिए कुल 80 सीटों में 38-38 सीटें लड़ने का ऐलान किया बाक़ी 2 सीटें सहयोगी दलों और अमेठी और रायबरेली की सीटें कांग्रेस के लिए छोड़ने की बात कही। सूत्रों की मानें तो अखिलेश यादव जहां आरएलडी को अपने कोटे से सीट देने को तैयार हैं, वहीं मायावती अपने कोटे से RLD को एक भी सीट देनें को तैयार नहीं हैं।

सपा अपने कोटे से एक सीट निषाद पार्टी और एक सीट ओपी राजभर को भी दे सकती है। सपा निषाद पार्टी के संजय निषाद को सपा के सिंबल पर चुनाव लड़ाएगी। ऐसा माना जा रहा है कि सपा ओपी राजभर को साथ लाने की कोशिश बड़े फ़ायदे के लिए कर रही है। ऐसा माना जा रहा है कि ओपी राजभर महागठबंधन में आते हैं तो वो अपने साथ अपने चार विधायक भी लाएंगे। ऐसे में चार विधायकों के आने से एक राज्यसभा सीट पर भी दावेदारी होगी। ऐसे में राजभर को सीट देना सपा के लिए फ़ायदे का सौदा है। फ़िलहाल ओपी राजभर बीजेपी के साथ गठबंधन में हैं और लोकसभा चुनाव में अपने लिए दो से ज़्यादा सीटें मांग कर बीजेपी पर दबाव बनाने की कोशिश कर रहे हैं।