लादेन का पता बताने वाले डॉक्टर का पाक जेल में बुरा हाल

 

नई दिल्ली (2 मई) :  वो डॉक्टर जिसके फर्जी टीकाकरण कार्यक्रम की वजह से अमेरिकी खुफिया एजेंसी सीआईए को आतंकवादी सरगना ओसामा बिन लादेन को मारने में मदद मिली थी, वो पिछले कई साल से पाकिस्तान की जेल में कैद है। डॉक्टर शकील अफ़रीदी का जेल में बुरा हाल है। 55 साल की उम्र के आसपास के डॉ अफरीदी को वकीलों तक पहुंच की इजाजत नहीं दी जा रही है। डॉ अफरीदी 23 साल का कारावास काट रहे हैं।   

पूर्व सीनियर सर्जन डॉ अफरीदी के बड़े भाई जमील ने एक एजेंसी से कहा कि उन्हें नहीं लगता कि उनके भाई को इनसाफ मिलेगा।

डॉ अफरीदी को जेल में दूसरे कैदियों से अलग एक छोटे से कमरे में कैद रखा गया है। उन्हें अपने रिश्तेदारों से साल में 6 बार से अधिक मिलने की इजाजत नहीं है।

बता दें कि डॉ अफरीदी को लेकर अमेरिका के बार-बार अनुरोध किए जाने के बावजूद पाकिस्तान ने इस मामले पर कोई आश्वासन नहीं दिया है। हाल में अमेरिकी विदेश मंत्रालय के उपप्रवक्ता मार्क टोनर ने संवाददाताओं से बातचीत करते कहा, "हमारा मानना है कि डॉ अफरीदी को जेल में रखकर अन्याय किया जा रहा है और हमने पाकिस्तान के सामने उनकी गिरफ्तारी को लेकर कई बार विरोध दर्ज कराया है। पाकिस्तान सरकार ने हमें आश्वासन दिया है कि डॉ. अफरीदी के साथ मानवीय व्यवहार किया जा रहा है और वह स्वस्थ हैं, लेकिन हमारा मानना है कि उन्हें जेल में रखकर अन्याय किया जा रहा है।"

टोनर ने कहा कि हमें किसी प्रकार की ठोस प्रतिबद्धता नहीं जताई गई है। हमें उनकी रिहाई या उनकी संभावित रिहाई के बारे में कोई ठोस जानकारी देने की प्रतिबद्धता नहीं दी गई है लेकिन हम इस मामले पर दबाव बनाना जारी रखेंगे।

बता दें कि डॉ अफरीदी को फर्जी टीकाकरण मुहिम चलाने के लिए 2012 में 33 साल की कारावास की सजा सुनाई गई थी। ऐसा माना जाता है कि यह मुहिम बिन लादेन का पता लगाने में अमेरिका खुफिया एजेंसी की मदद करने के लिए चलाई गई थी। चिकित्सक मामले में फिर से सुनवाई किए जाने का जेल में इंतजार कर रहे हैं।