32 लाख डेबिड कॉर्ड में सेंध: ऐसे रखें अपने कार्ड को सुरक्षित...

नई दिल्ली (21 अक्टूबर): देश के 32 लाख डेबिट कार्ड होल्डर्स की डिटेल लीक हो जाने के बाद आपको भी सावधान हो जाना चाहिए। ऐसे वक्त में यह बहुत जरूरी हो जाता है कि हर बैंक यूजर चाहे वो एटीएम-डेबिट कार्ड इस्तेमाल करता हो या फिर क्रेडिट, सुरक्षा के पुख्ता उपाय जरूर इस्तेमाल करे ताकि खुद को फ्रॉड का शिकार होने से रोक सके।

जानिए कैसे खुद को आप कर सकते हैं इनसे सुरक्षित... - आपके डेबिट कार्ड से बड़े लेनदेन न हो सकें इसके लिए कार्ड की डेली ट्रांजैक्शन अपर लिमिट तय कर दें। - नियमित रूप से अपना पिन बदलते रहें और इसे गुप्त रखें। - नियमित रूप से अपने बैंक की स्टेटमेंट को जांचें और हर लेनदेन पर नजर रखें। - किसी मॉल या अंजानी जगहों पर एटीएम मशीन का इस्तेमाल करने से बचें। - एटीएम मशीन का इस्तेमाल करते वक्त कीपैड को दूसरे हाथ से ढंक लें। - दूसरे बैंकों के एटीएम इस्तेमाल करने से जितना हो सके बचें। - हमेशा कोशिश करें कि अपने ही बैंक का एटीएम इस्तेमाल करें। - बैंक में अपने कॉन्टैक्ट नंबर और ईमेल का अपडेट करें ताकि किसी भी ट्रांजैक्शन की जानकारी तुरंत मिले।

अगर आप फ्रॉड के शिकार हो गए हैं तो क्या करना चाहिए... - तुरंत अपने बैंक के कस्टमर केयर नंबर पर फोन करके कार्ड को ब्लॉक करवाएं। - आपके कार्ड से निकाली गई रकम की जानकारी बैंक को दें। - अगर आपके अकाउंट से अनधिकृत रकम निकली है तो इसकी जिम्मेदारी बैंक की होती है। - तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज करवाएं और एक कॉपी अपने पास रखें। - जरूरत पड़ने पर ड्यूज को सैटल करने के लिए आप बैंक के पास कानूनी नोटिस भी भेज सकते हैं। - अगर बैंक आपके मामले पर गौर नहीं करता तो 30 दिनों के अंदर बैंकिंग लोकपाल से शिकायत करें। - अगर लोकपाल के फैसले से भी आपको निराशा हाथ लगती है तो आरबीआई के डिप्टी गवर्नर से संपर्क करें। - नेशनल कंज्यूमर कमीशन भी आपकी शिकायतों के निपटारे के लिए एक मंच है।

फिलहाल वित्त मंत्रालय ने सभी बैंकों को निर्देश दिए हैं कि वे अपने सिस्टम को क्रॉस चेक करें और अगर किसी डेबिट कार्ड फ्रॉड की जानकारी मिलती है तुरंत उसे ब्लॉक करें। मंत्रालय ने बैंकों से यह भी कहा है कि वे सभी ऐसे कार्डों को मुफ्त में बदलकर ग्राहकों को दें, जिनकी सूचनाएं लीक हो चुकी हैं।