नोटबंदी के दौरान 2 लाख लोग हुए बेरोजगार

नई दिल्ली (4 मई): नोटबंदी को लेकर भले ही मोदी सरकार अपनी पीठ थपथपाती रहे, लेकिन लेबर ब्‍यूरो की ताजा रि‍पोर्ट के मुताबि‍क इस दौरान करीब 2 लाख लोगों को अपनी नौकरि‍यां गंवानी पड़ी।


रि‍पोर्ट के मुताबि‍क, अक्‍टूबर 2016 से जनवरी 2017 के बीच करीब 1.52 लाख केजुअल और 46 हजार पार्टटाइम नौकरि‍यां गईं। यह हालात तब हैं जब इस ति‍माही में 8 कोर सेक्‍टरों में 1.22 लाख वर्कर्स और जुड़े, जबकि‍ 2016 में इसी ति‍माही में महज 32 हजार नए वर्कर्स को नौकरी मि‍ली थी।


- रि‍पोर्ट के मुताबि‍क, सबसे ज्‍यादा नौकरि‍यां मैन्‍युफैक्‍चरिंग में गईं और उसके बाद नंबर रहा आईटी/बीपीओ का। सबसे ज्‍यादा पार्टटाइम नौकरि‍यां भी मैन्‍युफैक्‍चरिंग सेक्‍टर में गईं। इस सेक्‍टर में कुल 1.13 लाख और आईटी व बीपीओ में 20 हजार केजुअल जॉब्स गईं।

- हालांकि‍ मैन्‍युफैक्‍चरिंग, ट्रेड, ट्रांसपोर्ट, आईटी-बीपीओ, एजुकेशन और हेल्‍थ के सेक्‍टरों में पॉजि‍टि‍व बदलाव आए हैं।

- इन सेक्‍टर का सर्वे जनवरी-मार्च 2017 के दौरान कि‍या गया। कंस्‍ट्रक्‍शन सेक्‍टर में पि‍छली ति‍माही के मुकाबले निगेटिव, वहीं रेस्‍टोरेंट सेक्‍टर में कोई बदलाव नहीं आया। इस ति‍माही में कुल 1.39 लाख रेग्युलर और 1.24 लाख अस्‍थाई इम्प्लॉइज को नौकरी मि‍ली।