अब कर्ज माफी नहीं अब जीवन मुक्ति, 2 किसानों ने की आत्महत्या

दीपक दुबे, नासिक (6 जून): पिछले 6 दिनों से किसान कर्ज माफी के विरोध में आंदोलन कर रहे है, लेकिन महाराष्ट्र सरकार को इनकी आवाज शायद सुनाई ही नहीं दे रही। यही वजह है कि जो किसान पिछले 6 दिनों से चीख-चीखकर कर्ज माफी की मांग कर रहे है, अब वो थक-हारकर मौत को गले लगा रहे है।

नासिक में ही दो किसानों ने पिछले कुछ घंटों में आत्महत्या कर ली। एक किसान ने फांसी लगा ली तो दूसरे किसान ने जहर खा कर मौत को गले लगा लिया। यह दोनों किसान कर्ज में डूबे थे। आखिरी उम्मीद थी कर्ज माफी, लेकिन सपनों को टूटता देख दोनों ने मौत को गले लगाना ही सही समझा।

पिंपरी गांव के रहने वाले 30 वर्षीय किसान ने जहर पीकर आत्महत्या की। नवनाथ 1 तारीख से ही किसान आंदोलन से जुड़े थे। आत्महत्या करने से पहले किसान आंदोलन में शामिल हो कर आए थे। नवनाथ को तीन बच्चे है। दो बेटी और एक बेटा, घर मे मां, बहन, भाई, पिता और पत्नी सहित 11 लोगों के परिवार को नवनाथ छोड़ कर चला गया। नवनाथ के पास दो एकड़ खेती है और 4 लाख का बड़ा कर्ज था।