देश में इन लोगों के पास 2 लाख 28 हजार करोड़ का बेनामी कालाधन



नई दिल्ली ( 7 दिसंबर ): नोटबंदी के बाद देश में तीन लोगों ने 2 लाख 28 हजार करोड़ रुपए के कालेधन का खुलासा किया है। अब ये सवाल खड़ा हो रहा है कि 2 लाख 28 हजार करोड़ का बेनामी कालाधन किसका है। क्योंकि कालेधन का खुलासा करने वाले अहमदाबाद के व्यापारी महेश शाह कह रहे हैं कि यह उनका पैसा नहीं है। ऐसे ही कालेधन का खुलासा करने वाले मुंबई के चार सदस्सीय परिवार का पता गलत है।

सबसे पहले अहमदाबाद के व्यापारी महेश शाह ने आय घोषणा योजना (आईडीएस) के तहत 13,860 करोड़ रुपये की घोषणा की थी। प्रॉपर्टी डीलर महेश शाह से सोमवार को फिर पूछताछ होगी। बीते दिनों आयकर विभाग ने शाह के बयान दर्ज किए थे।


शाह का कहना है कि घोषित 13,860 करोड़ रुपये की राशि उनकी नहीं है। वह इस मामले में शामिल लोगों के नाम आयकर विभाग के अधिकारियों को जल्द बताएंगे। इस दौरान उन्होंने कहा था, 'मैंने गलती की है लेकिन गुनाह नहीं किया। शाह ने बताया कि ये पैसा उसका नहीं बल्कि कई राजनेताओं, नौकरशाहों और बिल्‍डरों का है।

उसके बाद आय घोषणा योजना (आईडीएस) के तहत मुंबई के चार सदस्‍यीय परिवार ने दो लाख करोड़ रुपये की आय की घोषणा की थी, लेकिन सरकार ने इसे खारिज कर दिया था। वित्‍त मंत्रालय ने कहा था कि इस मामले की पूरी जांच होगी।


बता दें कि मुबंई के बांद्रा इलाके के रहने वाले इस परिवार में अब्‍दुल रज्‍जाक मोहम्‍मद सैयद, पुत्र मोहम्‍मद आरिफ अब्‍दुल रज्‍जाक सईद, पत्‍नी रुखसाना अब्‍दुल रज्‍जाक सैयद और बेटी नूरजहां मोहम्‍मद सईद हैं। इस परिवार के तीन सदस्‍यों के पैन कार्ड अजमेर के पते पर बने थे और इसी सितंबर में ये लोग मुंबई आएं जहां उन्होंने यह वित्‍त घोषणाएं की। जिसका पता है, फ्लैट नंबर 4, ग्राउंड फ्लोर, जुबली कोर्ट, 269-बी, लिंक रोड , बांद्रा वेस्ट, मुंबई। लेकिन इस पते पर सैयद परिवार और इस नाम का कोई नहीं मिला। सैयद परिवार का पता जिस बिल्डिंग में बताया गया था वो किसी कंपनी के नाम है।


शक ये है कि गुजरात के कारोबारी महेश शाह की तरह की सैयद परिवार के नाम पर कोई और अपनी काली कमाई सफेद करने की फिराक में था। आयकर विभाग के ताजा आंकड़ों के मुताबिक IDS स्कीम में देश में अब तक 71 हजार 726 लोगों ने अपने काले धन का खुलासा किया। उन सबकी कुल काली कमाई जोड़कर 67 हजार 382 करोड़ तक पहुंची है।


आज बेंगलुरु में इनकमटैक्स डिपार्टमेंट ने बिजनसमैन बी. लक्ष्मण राव के घर छापा मारा। बता दें कि इनकम डिक्लरेशन स्कीम के तहत बी. लक्ष्मण राव ने 9,800 करोड़ रुपए की संपत्ति की घोषणा की थी। लक्षमण राव टैक्स की निर्धारित पहली किस्त भी नहीं जमा कर पाएं हैं। आपको बता दें कि IT अधिकारियों की जांच में इस बात का भी खुलासा हुआ है, कि जिन कंपनियों के राव मालिक हैं उनके रजिस्ट्रार द्दारा कंपनी की बैलेंस शीट भी दायर नहीं की गई है। फिलहाल आयकर अधिकरी व्यवसायी लक्षमण की चारों कंपनियों की सटीकाता जांचने में जुटे हैं।