केरल में 12 साल का लड़का पिता बना


नई दिल्ली(24 मार्च): केरल में 12 साल का एक लड़का पिता बना है। भारत में सबसे कम उम्र में पिता बनने का यह पहला मामला है।


- घटना पिछले साल की है लेकिन जेनेटिक प्रोफाइल के जरिए अब ये कन्फर्म हो गया है कि आरोपी लड़के ने 16 साल की लड़की से संबंध बनाए थे। आरोपी लड़के पर पॉक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया है।.


- अंग्रेजी अखबार ‘द हिंदू’ के मुताबिक, लड़की ने पिछले साल नवंबर में एर्नाकुलम के एक हॉस्पिटल में बच्ची को जन्म दिया।


- प्रोटेक्टशन ऑफ चिल्ड्रन फ्रॉम सेक्शुअल ऑफेंस (POCSO) एक्ट के तहत इस मामले में पैरेंट्स की पहचान पब्लिक नहीं की गई है। हालांकि, आरोपी के खिलाफ इसी एक्ट के तहत केस दर्ज जरूर कर लिया गया।


- जेनेटिक प्रोफाइलिंग के जरिए इस बात के सबूत जुटा लिए गए हैं कि आरोपी लड़का ही बच्ची का पिता है। इस टेस्ट के रिजल्ट्स इसी हफ्ते आए हैं।


- तिरुअनंतपुरम मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल में डिपार्टमेंट ऑफ एन्डोक्रोनोलॉजी के एचओडी डॉक्टर पीके. जब्बार ने इस मामले पर कहा- लड़का एक खास मेडिकल कंडीशन की वजह से पिता बना। मेडिकल टर्मनिलॉजी में इसे ‘प्रिकॉसियस प्युबर्टी’ यानी वक्त के पहले सेक्शुअली एक्टिव होना माना जाता है।


- आमतौर पर लड़कियों में प्यूबर्टी 10 से 14 साल जबकि लड़कों में 12 से 16 साल के बीच होती है। इस दौरान उनमें फिजिकल चेंज आते हैं। कुछ मामलों में ये प्यूबर्टी वक्त से पहले हो जाती है, और इसे ही मेडिकल साइंस में ‘प्रिकॉसियस प्यूबर्टी’ कहा जाता है।


- जब्बार के मुताबिक, मेडिकल साइंस में इसे बहुत हैरानी या अलग मामले के तौर पर नहीं देखा जाता क्योंकि ‘प्रिकॉसियस प्यूबर्टी’ के कई केस सामने आते हैं। हालांकि, वो ये भी मानते हैं कि उनके कॅरियर में 12 साल के लड़के के पिता बनने का यह पहला मामला ही सामने आया है।


- डॉक्टर ने बताया कि जन्म लेने वाली बच्ची और उसके पिता के ब्लड सैम्पल तब लिए गए थे जब, बच्ची 18 दिन की थी। इसके बाद डीएनए टेस्ट किया गया और इसे साफ हो गया कि आरोपी लड़का ही बच्ची का पिता है।