ये हैं बनारस के बाबा शिवानंद, उम्र है 120 साल


नई दिल्ली (11 दिसंबर): वाराणसी में रहने वाले बाबा शिवानंद ने दुनिया के सबसे वृद्ध व्यक्ति होने का दावा किया है। बाबा शिवानंद ने इतनी लंबा स्वस्थ जीवन जीने का रहस्य खोला। बाबा शिवानंद का कहना है कि मसालों और सेक्स से दूरी और रोजाना योग के बूते पर ही वह इतने लंबे समय तक जी सके हैं। पासपोर्ट के मुताबिक बाबा का जन्म 8 अगस्तत 1986 में हुआ था। 120 साल के ये भारतीय साधू दुनिया में सबसे ज्यादा जीने वाले व्यक्ति का रिकॉर्ड के दावे को सत्यापित करने के लिए गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स के पास आवेदन करने जा रहे हैं। भारत के पासपोर्ट अधिकारियों ने एक मंदिर रजिस्टर से शिवानंद की उम्र की पुष्टि की है। हालांकि यह बेहद मुश्किल है कि उनकी उम्र स्वतंत्र रूप से सत्यापित की जा सके।


बनारस के 120 साल के बाबा शिवानंद को देखकर लगता है कि वह अपनी उम्र से 50 साल छोटे दिखते हैं। लेकिन वे अपनी उम्र 120 साल होने दावा करते हैं। बाबा शिवानंद 8 अगस्त 1886 को श्रीहट्ट जिले के हबीबगंज महकुमा, ग्राम हरिपुर के बाहुबल इलाक़े में एक ब्राह्मण परिवार में जन्मे थे। यह जगह अब बांग्लादेश में है। बाबा के पास अंग्रेज़ी में रूपांतरित उनकी कुंडली, आधार कार्ड और पासपोर्ट भी है। वह प्रवचन के लिए इंग्लैंड, अमरीका और बांग्लादेश भी जा चुके हैं।शिवानंद वाराणसी के रहने वाले हैं. योग, अनुशासन और ब्रह्मचर्य को ही उन्होंने अपना जीवन बना लिया है। वे कहते हैं, 'मैं बहुत ही सादा और अनुशासित जीवन जीता हूं। बहुत साधारण खाना खाता हूं। खाना हमेशा उबला हुआ, जिसमें ना तेल होता है ना मसाले होते हैं। वह खाने में उबली हुई दाल के साथ चावल और साथ में दो हरी मिर्च लेते हैं।  वे रोजाना 2 घंटे व्यायम करते हैं।