Friday, July 3, 2020

Operation Namaste: अब कोरोना वायरस का बचना मुश्किल, इंडियन आर्मी ने छेड़ा ऑपरेशन नमस्ते

कोरोना वायरस के खिलाफ भारतीय आर्मी ने भी ऑपेरशन नमस्ते छेड़ दिया है। सभी तैयारियों के साथ इंडियन आर्मी का मुख्य काम सिविल प्रशासन को मदद करना होगा। आपात परिस्थितियों में इंडियन आर्मी मात्र छह घण्टे में कोरोना के मरीज को कहीं से भी इंटेसिव मेडिकल एड मुहैया करा सकती है।

नई दिल्ली। कोरोना वायरस के खिलाफ जब देश की सरकार और आम लोग मोर्चा खोल चुके हैं तो फिर भारतीय आर्मी पीछे कैसे रह सकती है। इसी बात को सिद्ध करते हुए भारतीय आर्मी ने भी कोरोना के खिलाफ ऑपरेशन नमस्ते छेड़ दिया है। इस ऑपरेशन की जानकारी देते हुए आर्मी चीफ मुकुंद मनोद नरवणे ने कहा कि भारतीय आर्मी ने पहले भी अनेक सफल ऑपरेशन चलाए हैं और अब इस ऑपरेशन नमस्ते को भी सफलतापूर्वक अंजाम दिया जायेगा।जनरल नरवणे ने ऑपरेशन नमस्ते के बारे में बताते हुए कहा, ‘कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई में सरकार और सामान्य प्रशासन की मदद करना हमारा दायित्व है। बतौर आर्मी चीफ सैन्य बलों को चुस्त-दुरुस्त रखना मेरी जिम्मेदारी है।’ उन्होंने आगे कहा, ‘देश की रक्षा के लिए हमें खुद को सेफ और फिट रखना काफी महत्वपूर्ण है।

उन्होंने कहा कि सेना में ‘छुट्टी पर पाबंदी लगा दी गई है। 2001 में ऑपरेशन पराक्रम के दौरान 8-10 महीने में कोई छुट्टी पर नहीं गया था। पराक्रम में भी हम विजयी निकले हैं, ऑपरेशन नमस्ते में भी कामयाब रहेंगे।’ आर्मी चीफ के मुताबिक भारतीय सेना की आंतरिक खूबी है कि हम अपने सांगठनिक ढांचे और ट्रेनिंग की बदौलत तरह-तरह की आपातकालीन परिस्थितियों से उबल जाते हैं। हम कोविड-19 से निपटने में भी अपनी इसी क्षमता का इस्तेमाल करेंगे।
आर्मी चीफ नरवणे ने कहा कि सेना ने पहले भी सभी अभियानों में सफलता पाई थी और ऑपरेशन नमस्ते को भी सफलतापूर्वक अंजाम देगी। सेना की ओर से देशभर में अब तक आठ क्वारेंटाइन सेंटर्स स्थापित किए जा चुके हैं। सेना की ओर से हेल्प लाइन नंबर भी जारी किया गया है। इसके लिए सेना के साउर्थन कमांड, ईस्टर्न कमांड, वेस्टर्न कमांड, सेंट्रल कमांड, नॉदर्न कमांड, साउथ वेस्टर्न कमांड और दिल्ली हेडक्वॉर्टर में कोरोना हेल्प लाइन सेंटर्स बनाए गए हैं। इसके जरिए कोरोना वायरस की चपेट में आए लोगों की मदद की जाएगी। साथ ही, आम नागरिकों को इस संकट से जुड़ी जानकारियां भी दी जाएंगी।

सभी आर्मी हॉस्पिटलों को छह घंटों की सूचना पर सिर्फ कोविड-19 मरीजों के लिए 45 बेड का आइसोलेशन वार्ड और 10 बेड का आइसीयू वॉर्ड तैयार करने का निर्देश दिया गया है। जिन इलाकों में कोरोना का असर ज्यादा है, वहां के 30 प्रतिशत फील्ड हॉस्पिटलों को स्टैंडबाय मोड में रखा गया है। क्विक रिएक्शन मेडिकल टीमें गठित होंगी जो सूचना मिलने के छह घंटे के अंदर मरीज को अस्पतालों में पहुंचाने को तैयारी कर लेगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Most Popular

ट्रोलर्स के निशाने पर आएं सैफ अली खान, कहा था,’मैं भी हो चुका हूं नेपोटिज्म का शिकार’

मुंबई। सुशांत सिंह राजपूत की मौत के बाद से कई बॉलीवुड और टीवी स्टार्स ने नेपोटिज्म पर खुलकर बात की है, और ये बताया...

चीन-पाक बन जाएंगे श्‍मशान, अमेरिका भारत को देगा ये खास हथियार

नई दिल्‍ली: अगर भारत की सरहदों पर चीन और पाकिस्तान मिल गए हैं तो चिंता की कोई बात नहीं है। क्योंकि चीन-पाकिस्तान के ख़िलाफ़...

एक्टर पार्थ समाथान भी रह चुके हैं डिप्रेशन का शिकार, पोस्ट के जरिए किया खुलासा

मुंबई। सुशांत सिंह राजपूत की आत्महत्या से बॉलीवुड सेलिब्रिटीज गहरे सदमे में हैं। सुशांत की डेथ के बाद से ही बॉलीवुड और टीवी स्टार्स...

#SarojKhanRIP: एक वक्त माधुरी दीक्षित के चलते सरोज के पास काम नहीं था,तब सलमान ने की थी मदद !

मुंबई: अभिनेत्री माधुरी दीक्षित के शादी कर के चले जाने के बाद सरोज खान का काम बहुत कम हो चुका था।ये दौर काफी समय...