सऊदी अरब का दांव पड़ा उल्टा, कतर पर प्रतिबंध का उसी पर हो रहा है असर

दुनिया | July 16, 2017, 5:06 p.m.


नई दिल्ली (16 जुलाई): सऊद अरब, संयुक्त अरब अमीरात, बहरीन, मिस्र, यमन, लीबिया और मालदीव की कतर से जारी विवाद फिलहाल थमता नजर नहीं आ रहा है। सऊद अरब और कतर लगातार अपनी-अपनी बातों पर अड़ा है। सऊदी अरब और उसके सहयोगी देशों ने कतर पर आतंकी संगठनों को बढ़ावा देने का आरोप लगाते हुए जहां उससे अपने सभी राजनायिक संबंध खत्म कर दिए हैं। वहीं कतर भी दूसरे देशों से आयात कर अपनी जरूरतों को पूरी कर रहा है। लिहाजा इन देशों के प्रतिबंध का उसपर कोई खास असर पड़ता नहीं दिख रहा है।

सऊदी अरब और उसके सहयोगी देशों ने कतर को 13 शर्तें मानने के लिए कहा था, जिसमें आतंकी संगठनों के साथ गठजोड़ समाप्त करने से लेकर अल-जज़ीरा टीवी को बंद करना शामिल था। लेकिन कतर ने किसी भी शर्त को मानने से इनकार कर दिया। कतर ने ईरान और तुर्की से अपनी जरूरतों का सामान और आयात करने लगा।

जानकारों के मुताबिक जिस मकसद से अरब देशों ने कतर के साथ अपने संबंध समाप्त किए और उसपर प्रतिबंध लगाया अब उसका उल्टा असर उसी पर पड़ने लगा है। दरअसल कतर खाद्यान समेत अपनी ज्यादातर जरूरी सामान का आयात सऊदी अरब और उसके बॉर्डर के जरिए आयात करता था। लेकिन सऊदी अरब के कतर से रिश्ते समाप्त करने के बाद तुर्की और ईरान उसकी सहायता के लिए सामने आ गया। इससे एक तरफ जहां ईरान को व्यापार का फायदा मिला वहीं दोहा और तेहरान के बीच राजनयिक रिश्ते भी अच्छे होने लगे। साथ ही तुर्की और कतर के रिश्ते भी अधिक मजबूत हो गए।
 

Related news

Don’t miss out

News