यरुशलम में खुला अमेरिकी दूतावास, इजरायली सैनिकों के साथ संघर्ष में मारे गए 55 फिलिस्तीनी


नई दिल्ली (15 मई): यरुशलम में अमेरिकी दूतावास के उद्घाटन को लेकर गाजा-इजरायल सीमा पर विरोध प्रदर्शन कर रहे फिलीस्तीनी प्रदर्शनकारियों पर इजरायली सेना ने गोलीबारी की, जिसमें 55 फिलीस्तीनियों की मौत हो गई जबकि 2,771 घायल हो गए।
दूतावास के उद्घाटन समारोह में एक अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल ने हिस्सा लिया, जिसमें राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दामाद जारेड कुशनर और बेटी इवांका ट्रप, तथा कोषागार मंत्री स्टीव मनुचिन शामिल थे। डोनाल्ड ट्रंप ने पूर्व में रिकार्ड किए गए एक वीडियो के जरिए समारोह को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि यरुशलम पहुंचना लंबे समय से लंबित था।

येरुशलम में व्हाइट हाउस प्रतिनिधि मंडल के अलावा इस्राइली अधिकारी भी नए अमेरिकी दूतावास के उद्घाटन समारोह के लिए एकत्रित थे। इस बीच सीमा के पास हजारों लोग इकट्ठे हो गए और सीमा के पास पत्थर फेंकने लगे।
फलस्तीन के प्रदर्शनकारी सीमा पर लगी बाड़ के नजदीक आ रहे थे, जबकि दूसरी तरफ इस्राइली सेना ने भी बाड़ तोड़ने की किसी भी कोशिश को नाकाम करने की पूरी तैयारी कर रखी थी। इस्राइली सेना ने कहा कि गाजा पट्टी सीमा के साथ कई जगहों पर करीब 10,000 फलस्तीनी दंगाई सुरक्षा बाड़ से करीब आधा किलोमीटर दूर तंबू में जुटे हुए थे।