अखिलेश यादव की प्रेस कांफ्रेंस पर BJP का पलटवार, 'पूछा- दीवार के पीछे क्या छुपाया था?


न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (13 जून): यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने अपना सरकारी बंगला खाली कर दिया है। लेकिन सरकारी बंगले में हुई तोड़फोड़ ने अखिलेश की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। यूपी के राज्यपाल राम नाईक ने सोमवार को उत्तर प्रदेश सरकार से कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को आवंटित सरकारी बंगले में तोड़फोड़ के मामले में कार्रवाई की जाए। 

बंग्ला विवाद पर अखिलेश यादव ने कहा है कि उत्तर प्रदेश सरकार पर उनको बदनाम करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि मुझे जैसा आवास मिला था मैने वैसा ही सरकार को सौंपा था। हमारे घर छोड़ने के बाद कोई व्यक्ति घर में खुली शर्ट पहनकर इनोवा गाड़ी से गया था उसी ने पूरी स्कि्प्ट रची है। मैं तो उस घर से केवल अपना समान ले गये हैं।  

अखिलेश यादव की सफाई के बाद बीजेपी ने पलटवार किया है। यूपी सरकार के मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने कहा है कि जब चोर की दाढ़ी में तिनका होता है, तो वह बौखलाया रहता है। साथ ही उन्होंने ये भी  सवाल उठाए कि आखिरकार दीवार के पीछे क्या था, वो जरूर बताइएगा। आखिरकार क्या छुपाया था जिसे निकालना जरूरी था?


सिद्धार्थनाथ सिंह ने अखिलेश यादव पर टिप्पणी करते हुए कहा कि जो शिक्षा उन्हें मिली है, उस हिसाब से उनकी सभ्य भाषा होनी चाहिए थी. लेकिन उन्होंने ऐसा बर्ताव नहीं किया. उन्होंने कहा कि हम अखिलेश के बयान की भर्त्सना करते हैं और 'खिसियानी बिल्ली खंभा नोचे' की संज्ञा देते हैं।
अखिलेश यादव ने बीजेपी सरकार पर उपचुनाव में हार के कारण बंगला साजिश रचने के भी आरोप लगाए, जिस पर सिद्धार्थनाथ सिंह ने जवाब दिया। उन्होंने कहा कि यह 'उल्टा चोर कोतवाल को डांटे' वाली हालत है।