कर्नाटक: राज्यपाल के फैसले के खिलाफ पूर्व बीजेपी नेता यशवंत सिन्हा का धरना


नई दिल्ली ( 17 मई ): कर्नाटक में बीएस येद्दयुरप्पा ने सीएम पद की शपथ ले ली है। पूर्व बीजेपी नेता और पूर्व वित्त मंत्री यशवंत सिन्हा ने कर्नाटक के राज्यपाल वजुभाई वाला के फैसले के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। वह लोकतंत्र बचाओ, इंडिया बचाओ की मांग को लेकर राष्ट्रपति भवन के सामने धरने पर बैठे हैं। सिन्हा ने ट्वीट कर कहा कि बीजेपी द्वारा कर्नाटक में असंवैधानिक तरीके से जो सरकार बनाई गई है उसके खिलाफ मैं राष्ट्रपति भवन के सामने धरने पर बैठा हूं आप सभी से अनुरोध है कि लोकतंत्र बचाने के लिए मेरे साथ आइए।  

यशवंत सिन्हा आम आदमी पार्टी, आरजेडी, समाजवादी पार्टी के साथ मिलकर राष्ट्र मंच के बैनर तले यह धरना प्रदर्शन कर रहे हैं। उन्होंने कहा, यह धरना उस समय तक चलेगा जब तक कर्नाटक में न्याय नहीं हो जाता। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट से न्याय मिल जाए तो वह अपना धरना प्रदर्शन खत्म कर देंगे।

यशवंत सिन्हा ने कहा, जहां पर बीजेपी अल्पमत में होगी वहां भी वह कहेगी कि उसे बहुमत मिल गया है. सवाल है कि कर्नाटक में बीजेपी को 104 सीट मिली है जबकि सरकार बनाने के लिए 112 होना चाहिए। 104 सीट का मतलब बहुमत नहीं होता है।



पूर्व बीजेपी नेता ने कहा कि कर्नाटक की परिस्थिति को समझना होगा। बीजेपी ने गोवा, मणिपुर और बिहार में जो किया उसे नजरअंदाज कर दिया गया, लेकिन कर्नाटक के हालात अलग हैं, इसकी अनदेखी नहीं की जा सकती है। उन्होंने कहा कि बीजेपी के पास 104 विधायक हैं और बहुमत के लिए 112 चाहिए जबकि 2 निर्दलीय विधायक हैं। इससे सरकार नहीं बन सकती है। यशवंत सिन्हा ने कहा, गोवा, मणिपुर जिस सिद्धांत की बदौलत सरकार बनाई गई वही सिद्धांत कर्नाटक में अपनाया जाना चाहिए।

येदियुरप्पा को आज राज्यपाल ने मुख्यमंत्री पद की शपथ दिलाई। कल रात सुप्रीम कोर्ट ने येदियुरप्पा के शपथ ग्रहण पर रोक लगाने से इनकार कर दिया था। राज्यपाल वजुभाई वाला ने येदियुरप्पा को सरकार बनाने का न्यौता दिया था। इसके बाद रात में ही कांग्रेस ने शीर्ष अदालत का दरवाजा खटखटाया था।